Humsafar

हँसते हो हँसाते हो,कभी-कभी थोड़ा रुलाते भी हो।
रूठते हो,चिढ़ते हो पर मुझे मनाते भी हो।
बच्चों जैसे खुद हो,पर ख़याल मेरा बच्चों जैसा रखते हो
जब तक तुम्हे जाना नही था, पता नही था
कि, तुम दिल के इतने प्यारे भी हो।
हमसफ़र बनके साथ रहते हो,माँ बाप जैसा लाड़ करते हो
पर बच्चों जैसा मुझे सताते भी हो।
नटखट हो,शैतान हो पर उतने ही भोले भी हो
मरती हूँ तुम पे आज भी उतना ही,और आज भी उतना ही तुम मुझे भाते भी हो।
तुम्हारी हँसी सच मे बहुत प्यारी है,चेहरे से तुम्हारे नूर टपकता है
मुझे बहुत प्यार देते हो,साथ-साथ थोड़े नख़रे दिखाते भी हो।
दिल शीशे जैसा साफ तुम्हारा, बातो में रस घोलते हो।
अच्छा लगता है जब आँखों मे नमी लेकर साथ-साथ मुस्कुराते भी हो।
कई खूबियां हैं तुम में,क्या-क्या गिनाऊ मैं??
गालो में हँसते हुए जो गड्ढ़े पढ़ते है,उसमे तुम मुझे और भी ज्यादा सुहाते भी हो।
हर रिश्ते की कदर करते हो,ऐसे इतने अच्छे हो तुम
तभी हर पल मेरे दिल मे और भी गहराई में उतर जाते भी हो।
तुम्हारे लिए ही तुमसे इतना प्यार करती हूं
और,बदले में तुम मुझपे जान लुटाते भी हो।
जैसे हो बस यूँही रहना उम्र भर साथ मेरे,
क्यूंकि जो तुम कहते हो वो हर वादा निभाते भी हो।

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